पिता पर खूबसूरत कविता
पिता एक उम्मीद है, एक आस
परिवार की हिम्मत और विश्वास है,
बाहर से सख्त अंदर से नर्म है
उसके दिल में दफन कई मर्म हैं।
पिता संघर्ष की आंधियों में हौसलों की दिवार है
परेशानियों से लड़ने को दो धारी तलवार है,
बचपन में खुश करने वाला खिलौना है
नींद लगे तो पेट पर सुलाने वाला बिछौना है।
पिता जिम्मेवारीयो से लदी गाड़ी का सारथी है
सबको बराबर का हक दिलाता यही एक महारथी है
सपनों को पूरा करने में लगने वाली जान है
इसी से तो मां और बच्चों की पहचान है।
पिता जमीर है पिता जागीर है
जिसके पास ये है वह सबसे अमीर है।।
#Happy Father's Day🌹🌹
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